उमरिया - जिले का जनजातीय कार्य विभाग नित्य नए कारनामे के लिए जग जाहिर है पूर्व मे छात्रवृत्ती को लेकर करोङो का घोटाला बिरसिंहपुर पाली मे हुआ था जिसकी जाँच उपरांत बीईओ राणा निलंबित हो गए थे वही अब कन्या शिक्षा परिसर डबरौहा मे रिक्त पद की पूर्ति बिना डिग्री डिप्लोमा दस्तावेजों के माध्यम से फर्जी तरीको से किया गया बल्कि यह सिलसिला तक़रीबन 4 वर्ष से अधिक समय से चल रहा है लगातार विभाग इन कारनामो को दबाते चला गया है नियम को दर किनार करते हुये अतिथि शिक्षक लैब टेक्निशियन,और  सहायक लाइब्रेरियन तक पद मे वर्ग 2 की भर्ती प्रक्रिया कर खाना पूर्ति कर दिया गया जब जनजातीय कार्य विभाग के सरकुलर मे सहायक वर्ग 3 के लिए पद की नियुक्ति करना था लेकिन अतिथि शिक्षक को लाइब्रेरीयन पद मे एमए की डिग्री प्राप्त महिला को अपने स्वार्थ बस नियुक्ति कर दिया गया है यहां तक की वहा गत 2 वर्ष से प्रिंसिपल एके शुक्ला और वर्षो से जमे फर्जी नियुक्ति पद मे आशुतोष चतुर्वेदी ने पूरा शिक्षा परिसर मे अवैध नियुक्ति कर शासन की राशि दुरूपयोग करने मे कोई कसर नहीं छोड़ी है चतुर्वेदी जी की नियुक्ति फर्जी तरीके से हुआ है यदि अधिकारी द्वारा जाँच किया जाय तो बहुत बड़ा अनुचित भर्ती का राज खुलकर सामने आएगा हाल ही मे सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार यदि आय व्यय का लेखा जोखा की भी ऑडिट की जाँच हो तो दर परत दर वित्तीय अनिमियता को लेकर कई राज बाहर आएंगे...