जबलपुर। बरगी परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत सगड़ा–झपनी के बीच से होकर दाईं ओर बहने वाली वह प्रमुख नहर, जो रीवा तक जाती है, आज ग्राम सगड़ा के समीप अचानक फूट गई। नहर के फूटते ही भारी मात्रा में पानी आसपास के खेतों और आबादी की ओर तेज़ी से फैलने लगा, जिससे क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित हो गई है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार नहर में पहले से ही पानी का दबाव काफी अधिक था। सुबह अचानक नहर की दीवार कमजोर होकर टूट गई और कुछ ही मिनटों में पानी आसपास के निचले इलाकों में भरने लगा। देखते ही देखते जलस्तर लगातार बढ़ता चला गया। स्थिति यह है कि दर्जनों गांवों पर बाढ़ का सीधा खतरा मंडराने लगा है।

ग्रामीणों का कहना है कि नहर की हालत लंबे समय से जर्जर बनी हुई थी। कई बार संबंधित विभाग को मरम्मत और सुदृढ़ीकरण की मांग की गई, लेकिन समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। आज उसी लापरवाही का परिणाम नहर फूटने के रूप में सामने आया है। नहर का पानी खेतों में घुसने से फसलों को भारी नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। कई किसानों की खड़ी फसल जलमग्न हो चुकी है।

नहर फूटने की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और सिंचाई विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थिति का जायजा लिया जा रहा है और पानी के बहाव को नियंत्रित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। जेसीबी और अन्य मशीनों की मदद से नहर के टूटे हिस्से को बंद करने की कोशिश जारी है। हालांकि जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण कार्य में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों में भय और आक्रोश का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नहर को बंद नहीं किया गया तो हालात और भी गंभीर हो सकते हैं। कई गांवों में पानी घरों तक पहुंचने की आशंका है। एहतियातन कुछ निचले इलाकों के लोगों ने सुरक्षित स्थानों की ओर जाना शुरू कर दिया है।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और आवश्यकता पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं। साथ ही राहत और बचाव दल को सतर्क कर दिया गया है। फिलहाल पूरे क्षेत्र में हालात पर नजर रखी जा रही है और नहर की मरम्मत कर जल्द से जल्द स्थिति सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है।