कील ठोकने या टहनी तोड़ने पर भी होगी जेल: दिल्ली में हरियाली बचाने को मुख्यमंत्री सख्त
नई दिल्ली। दिल्ली में पेड़ों की अवैध कटाई और उन्हें किसी भी तरह की क्षति पहुंचाने वालों पर अब सख्त कार्रवाई होगी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार ने पेड़ों से जुड़े अपराधों को रोकने के लिए नई मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की है। इसके तहत पेड़ों में कील ठोकने, जड़ें काटने या शाखाएं तोड़ने पर भी कानूनी शिकंजा कसा जाएगा।
क्विक रिस्पॉन्स सिस्टम और हेल्पलाइन
सरकार ने ग्रीन हेल्पलाइन नंबर 1800118600 और ऑनलाइन पोर्टल को सक्रिय कर दिया है। शिकायत मिलते ही मुख्यालय और डिवीजन स्तर पर बनी क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरटी) मौके पर पहुंचकर सबूत जुटाएगी। कार्रवाई में पारदर्शिता के लिए जियो टैग्ड फोटो और वीडियो का उपयोग किया जाएगा।
वन विभाग को मिले अधिक अधिकार
नई एसओपी के तहत बीट और ट्री ऑफिसर्स को उल्लंघन रोकने के लिए प्रतिबंधात्मक आदेश जारी करने और अपराध में प्रयुक्त औजार जब्त करने के अधिकार दिए गए हैं। 24 घंटे निगरानी के लिए फॉरेस्ट कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने नागरिकों से अपील की है कि पेड़ों को नुकसान पहुंचने पर तुरंत सूचना दें ताकि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
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