धान उपार्जन केन्द्रों की पारदर्शी व्यवस्था से किसानों को बड़ी राहत
रायपुर : छत्तीसगढ़ के सभी जिले में संचालित धान उपार्जन केन्द्रों पर लागू की गई पारदर्शी, सुव्यवस्थित एवं किसान-हितैषी व्यवस्था के चलते किसानों को धान विक्रय करने में बड़ी सहूलियत मिल रही है। टोकन प्रणाली, समयबद्ध खरीदी तथा समर्थन मूल्य पर भुगतान से किसानों में उत्साह और संतोष का वातावरण बना हुआ है।
टोकन प्रणाली से आसान हुआ धान विक्रय
अम्बिकापुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत फतेहपुर के कृषक अमीर हमजा ने धान उपार्जन केन्द्र सुखरी में 80 क्विंटल धान के विक्रय हेतु पहला टोकन कटवाया। उन्होंने बताया कि टोकन प्रक्रिया अत्यंत सरल, सहज और व्यवस्थित रही तथा उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ा। हमजा ने बताया कि उनके पास कुल 124 क्विंटल धान उपलब्ध है, जिसमें से शेष धान का विक्रय आगामी चरण में किया जाएगा।
3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य से किसानों को बड़ा लाभ
किसान अमीर हमजा ने कहा कि शासन द्वारा धान का 3100 रुपये प्रति क्विंटल का सर्वाधिक समर्थन मूल्य दिए जाने से किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है। इससे उनकी आमदनी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और आर्थिक स्थिति पहले से अधिक मजबूत हुई है।
धान विक्रय से खरीदी थ्रेसर मशीन, आय के नए स्रोत खुले
हमजा ने बताया कि उन्होंने पिछले वर्ष धान विक्रय से प्राप्त राशि से थ्रेसर मशीन खरीदी। वर्तमान में वे स्वयं के धान की मिसाई करने के साथ-साथ थ्रेसर मशीन को किराये पर देकर अतिरिक्त आमदनी भी अर्जित कर रहे हैं। इससे उनकी आय के नए स्रोत विकसित हुए हैं और वे आधुनिक कृषि साधनों का उपयोग कर पा रहे हैं।
सरकारी व्यवस्था से बढ़ा किसानों का आत्मविश्वास
किसान अमीर हमजा ने कहा कि सरकार द्वारा दी जा रही सुविधाओं और बेहतर खरीदी व्यवस्था के कारण किसानों का आत्मविश्वास बढ़ा है। पारदर्शी व्यवस्था और समय पर भुगतान से किसान बिना किसी तनाव के अपनी उपज विक्रय कर पा रहे हैं। उन्होंने धान उपार्जन केन्द्रों की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।
जिले के सभी उपार्जन केन्द्रों में किसान सुविधा को सर्वाेच्च प्राथमिकता
उल्लेखनीय है कि जिले के समस्त धान उपार्जन केन्द्रों में किसानों की सुविधा और हितों को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जा रही है। इससे किसानों का समय बच रहा है, बल्कि उन्हें सम्मानजनक, सुरक्षित और परेशानी-मुक्त वातावरण में अपनी उपज विक्रय करने का अवसर भी मिल रहा है।
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